Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution (आनुवांशिकता एवं जैव विकास) Free pdf - Ken Study

कक्षा 10 विज्ञान – कक्षा 10वीं के छात्र हमारे इस पेज से विज्ञान के  NCERT SOLUTIONS प्राप्त कर सकते हैं। कक्षा 10 विज्ञान के अध्याय   आनुवांशिकता एवं जैव विकास
के हल इस पेज पर नीचे दिये गये हैं। अगर आप परीक्षा में पूछे जानें वाले महत्त्वपूर्ण प्रश्न जानना चाहते हैं तो 10वीं विज्ञान के  NCERT SOLUTIONS डाउनलोड कर सकते हैं। NCERT SOLUTIONS की सहायता से आप अपनी परीक्षा की तैयारी और अच्छे से कर सकते हैं। छात्र NCERT SOLUTIONS में दिए महत्त्वपूर्ण प्रश्नों को हल कर सकते हैं। प्रश्नों को हल करने के बाद आप अपने उत्तरों की जांच भी आसानी से कर सकते हैं। सभी प्रश्नों के उत्तर भी NCERT SOLUTIONS में दिये गए हैं। कक्षा 10वी के छात्रों को बता दें कि आप NCERT SOLUTIONS और VVI प्रश्नों के साथ – साथ इस Page पर Reading कर सकते हैं। छात्र रोज एक page को हल करने की कोशिश करें। अधिक जानकारी के लिए पेज को पूरा पढ़ें।

Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution (आनुवांशिकता एवं जैव विकास) -Free pdf

 


पढ़ें

  • Class:- 10th
  • Subject:- science (जैव प्रक्रम, life process)
  • Resources :- NCERT Solutions
  • Download PDF click
Chapter 9 Heredity and Evolution


(अध्याय- 9)(आनुवांशिकता एवं जैव विकास)
पेज 157

प्रश्न 1 : यदि के ' लक्षण - A ' अलैंगिक प्रजनन वाली समष्टि के 10 प्रतिशत सदस्यों में पाया जाता है तथा लक्षण – B ' उसी समष्टि में 60 प्रतिशत जीवों में पाया जाता है , तो कौन सा लक्षण पहले उत्पन्न हुआ होगा ?
उत्तर 1 : 

जीवों में जो लक्षण पहले उत्पन्न होता है उसकी प्रतिशत मात्रा उनमे अधिक होती है । इसलिए , ' लक्षण – B ' पहले उत्पन्न हुआ होगा । 
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 
प्रश्न 2 : विभिन्नताओं के उत्पन्न होने से किसी स्पीशीज का अस्तित्व किस प्रकार बढ़ जाता है ?  
उत्तर 2 : 
यदि स्पीशीज में विभिन्नताएँ कम हो या लगभग नहीं हो तो उन सभी मे एक विशेष प्राकृतिक परिस्थिति में ही रहने की क्षमता होगी । किसी कारणवश यदि प्रकृति में कोई बदलाव ( जैसे : तापमान बहुत अधिक बढ़ जाए या कम हो जाए ) आए , तो पूरी स्पीशीज का ही विनाश संभव है । इसके विपरीत यदि स्पीशीज में विभिन्नताएँ होंगी तो बदलाव कि स्थिति में कुछ जीव ऐसे भी होंगे जो इस बदलाव को सह सकें और धीरे धीरे अपने आप को इस बदले हुए मौसम के अनुसार अपने आप को ढाल ले । इस तरह से विभिन्नताओं के उत्पन्न होने से किसी स्पीशीज का अस्तित्व बढ़ जाता है । 
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

(अध्याय- 9)(आनुवांशिकता एवं जैव विकास)
पेज 157

प्रश्न 1 : मेंडल के प्रयोगों द्वारा कैसे पता चला कि लक्षण प्रभावी अथवा अप्रभावी होते हैं ? 
उत्तर 1 : 
मेंडल ने जब परस्पर विरोधी लक्षणों वाले पौधों के बीच संकरण कराया तो उनहोंने पाया कि उत्पन्न नयी पीढ़ी ( F1 पीढ़ी ) में विरोधी लक्षणों में से केवल एक लक्षण ही परिलक्षित होता है और दूसरा दिखाई नहीं देता है परन्तु दूसरी पीढ़ी ( F2 पीढ़ी ) में दोनों लक्षण शुद्ध रूप में तथा मिश्रित रूप में भी दिखाई देते हैं । इससे मेंडल ने यह निष्कर्ष निकला कि पहली पीढ़ी में दोनों लक्षण थे परन्तु इन लक्षणों में से केवल परिलक्षित लक्षण ही प्रभावी था तथा दूसरा लक्षण अप्रभावी था । 
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 2 : मेंडल के प्रयोगों से कैसे पता चला कि विभिन्न लक्षण स्वतंत्र रूप से वंशानुगत होते हैं ? 
उत्तर 2 : 
जब मेंडल ने परस्पर विरोधी लक्षणों वाले पौधों के बीच संकरण कराया तो उनहोंने पाया कि उत्पन्न नयी पीढ़ी ( F1 पीढ़ी ) में विरोधी लक्षणों में से केवल एक लक्षण ही दिखाई देता है और दूसरा दिखाई नहीं देता है परन्तु दूसरी पीढ़ी ( F2 पीढ़ी ) में दोनों लक्षण मिश्रित रूप के साथ साथ शुद्ध रूप में भी दिखाई देते हैं । इससे मेंडल ने यह निष्कर्ष निकला कि लक्षण स्वतंत्र रूप से वंशानुगत होते हैं , क्योंकि यदि ऐसा नहीं होता तो दूसरी पीढ़ी में शुद्ध रूप में दोनों लक्षण कभी दिखाई नहीं देते ।
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 
प्रश्न 3 : एक 'A' रुधिर वर्ग वाला पुरुष एक स्त्री जिसका रुधिर वर्ग 'O' है , से विवाह करता है । उनकी पुत्री का रुधिर वर्ग - 'O' है । क्या यह सूचना पर्याप्त है यदि आपसे कहा जाए कि कौन सा विकल्प लक्षण - रुधिर वर्ग - 'O' अथवा 'O' प्रभावी लक्षण है ? अपने उत्तर का स्पष्टीकरण दीजिए । 
उत्तर 3 : 
यह सुचना पर्याप्त नहीं है क्योंकि पुत्री का रुधिर वर्ग 'O' , माँ और पिता दोनों के जींस के संयोजन से प्राप्त हुआ है । हो सकता है कि पुत्री ने पिता जिसके पास AO जोड़ा है । से लक्षण 'O' प्राप्त किया हो और माँ से [ जिसके  'OO’ जोड़ा है । से लक्षण 'O' प्राप्त किया हो । 
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 4 : मानव में बच्चे का लिंग निर्धारण कैसे होता है ? 
उत्तर 4 : 
मनुष्य में 23 जोड़े गुणसूत्र होते हैं जिनमे से 22 जोड़े कायिक गुणसूत्र तथा 1 जोड़ा लैंगिक गुणसूत्र होता है । नर लैंगिक गुणसूत्र युग्मकों में एक X गुणसूत्र और एक Y गुणसूत्र होता है , जबकि मादा लैंगिक गुणसूत्रों में केवल XX गुणसूत्र ही होते हैं । जब एक शुक्राणु एक अंडे को निषेचित करता है , तो निम्नलिखित संभावनाएं हो सकती हैं : 
  • XX - दशा : जब एक X - गुणसूत्र वाला शुक्राणु एक अंडे को निषेचित करता है , तो परिणामी युग्मनज एक लड़की में विकसित होता है । 
  •  XY - दशा : जब एक Y - गुणसूत्र वाला शक्राण एक अंडे को निषेचित करता है , तो परिणामी युग्मनज एक लड़के में विकसित होता है ।
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

(अध्याय- 9)(आनुवांशिकता एवं जैव विकास)
पेज 165
प्रश्न 1 : वे कौन से तरीके हैं जिनके द्वारा एक विशेष लक्षण वाले व्यष्टि जीवों की संख्या समष्टि में बढ़ सकती है । 
उत्तर 1 : 
एक विशेष लक्षण वाले व्यष्टि जीवों कि संख्या में बढ़ोत्तरी निम्नलिखित तथ्यों पर आधारित है : 
  • जीवों में वंश को आगे बढ़ने की क्षमता ।
  • वातावरण के अनुकूल अपने आपको ढालने की प्रवृति ।  
  • योग्यता के लिए उत्तरजीविता । 
  • प्राकृतिक वरण तथा जीवन में संघर्ष करने की योग्यता । 
वातावरण के अनुकूल तथा योग्यतम लक्षणों वाले जीव स्वस्थ संतान उत्पन्न करके वंश चलाते हैं । प्रकृति योग्यतम जीवों का चयन करती है । इस प्रकार विशिष्ट लक्षणों वाली नयी जातियों की उत्पत्ति होती है जो प्रकृति में स्वस्थ रूप से वृद्धि करती हैं ।
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 2 : एक एकल जीव द्वारा उपार्जित लक्षण सामान्यतयः अगली पीढ़ी में वंशानुगत नहीं होते । क्यों ?
उत्तर 2 : 
एक एकल जीव द्वारा उपार्जित लक्षण सामान्यतयः अगली पीढी में वंशानुगत नहीं होते हैं क्योंकि एकल जीव द्वारा उपार्जित लक्षण कायिक कोशिकाओं द्वारा उपार्जित होते हैं । कायिक उत्तकों में होने वाले परिवर्तन , लैंगिक कोशिकाओं के DNA में नहीं जा सकते हैं । इस प्रकार किसी व्यक्ति के जीवन काल में अर्जित अनुभव उसकी जनन कोशिकाओं के DNA में कोई अंतर नहीं लाता है , इसलिए ये लक्षण वंशानुगत नहीं होते हैं । उदहारण के लिए , यदि चूहों कि पूंछ काटकर जनन कराया जाए तो भी कई पीढ़ियों के बाद भी कोई बिना पूंछ वाला चूहा उत्पन्न नहीं होगा । इससे सिद्ध होता है कि उपार्जित लक्षण वंशानुगत नहीं होते हैं । 
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 3 : बाघों की संख्या में कमी अनुवांशिकता के दृष्टिकोण से चिंता का विषय क्यों है । 
उत्तर 3 : 
बाघों की संख्या में कमी का अर्थ है उनके गुणसूत्रों में कम विविधताएँ हैं अर्थात इन बाघों में एक पीढ़ी से दूसरी पीढ़ी में होने वाले परिवर्तन , जो उन्हें पर्यावरण की विषम परिस्थितिओं में भी जिन्दा रखने में सहायक होता है , बहुत कम हैं । इसलिए , बाघों की संख्या में कमी अनुवांशिकता के दृष्टिकोण से चिंता का विषय है ।
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

(अध्याय- 9)(आनुवांशिकता एवं जैव विकास)
पेज 166

प्रश्न 1 : वे कौन से कारक हैं जो नयी स्पीशीज के उद्भव में सहायक हैं ? 
उत्तर 1 : 
उपसमष्टियों में अनुवांशिक विचलन एवम् प्राकृतिक वरण के संयुक्त प्रभाव के कारण प्रत्येक समष्टि एक दूसरे से अधिक भिन्न होती रहती हैं । यह भी संभव है कि अंततः इन समष्टियों के सदस्य आपस में एक दूसरे से मिलने के बाद भी अंतः प्रजनन में असमर्थ हों । ऐसे अनेक तरीके हैं जिनसे ये परिवर्तन संभव हैं । DNA में यह परिवर्तन अधिक प्रथक होने पर गुणसूत्रों के स्वाभाव में ऐसे परिवर्तन हो सकते हैं कि दो समष्टियों के सदस्यों कि जनन कोशिकाएँ संलयन करने में असमर्थ हो जाएँ । परिणामतः , एक नयी स्पीशीज का उद्भव होता हैं । 
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 2 : क्या भौगोलिक पृथक्करण स्वपरागित स्पीशीज के पौधों के जाति - उद्भव का मुख्य कारक हो सकता है ? क्यों या क्यों नहीं ? 
उत्तर 2 : 
हाँ , स्वयं परागित होने वाले पौधों में जाति उद्भव के लिए भौगोलिक पृथक्करण एक प्रमुख कारण है । पौधों में दो प्रकार के लक्षण पाए जाते हैं - जननकीय लक्षण तथा भौतिक लक्षण । जननकीय लक्षण गुणसूत्रों की संख्या एवम् आकृति को बनाए रखते हैं परन्तु भौतिक लक्षण भौगोलिक परिस्थितियों से प्रभावित होते हैं । इस प्रकार भौतिक लक्षणों में भिन्नता स्वयं परागित पौधों में विभेदन का प्रमुख कारण होता है । 
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 3 : क्या भौगोलिक पृथक्करण अलैंगिक जनन वाले जीवों के जाति उद्भव का प्रमुख कारक हो सकता है ? क्यों या क्यों नहीं ? 
उत्तर 3 : 
नहीं , अलैंगिक जनन करने वाला जीव एकलिंगी होता है अर्थात इनमें नर तथा मादा जनन अंग प्रथक - प्रथक नहीं होते हैं , इसलिए इनके गुणसूत्रों का मिश्रण संभव नहीं है । अतः , यदि इनको भौगोलिक तौर पर पृथक करते हैं तो भी ये उस स्थान पर अपने जैसे जीव ही उत्पन्न करेंगे । इसलिए , अलैंगिक जीवों में भौगोलिक पृथक्करण के कारण नई जाति का उद्भव नहीं हो सकता ।
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

(अध्याय- 9)(आनुवांशिकता एवं जैव विकास)
पेज 171

प्रश्न 1 : उन अभिलक्षणों का एक उदहारण दीजिए जिनका उपयोग हम दो स्पीशीज के विकासीय संबंध निर्धारण के लिए करते है ? 
उत्तर 1 : 
जब कोई विकासीय संबंधों को जानने का प्रयास करता है तो सबसे पहले समान अभिलक्षणों की पहचान करता है । विभिन्न जीवों में ये अभिलक्षण समान होंगे , यदि वे समान जनक से वंशानुगत हुए हैं । दो स्पीशीज के मध्य जितने अधिक अभिलक्षण समान होंगे उनका संबंध भी उतना ही निकट का होता है । उनका उद्भव भी निकट अतीत में समान पूर्वज से हुआ होगा । इस तथ्य को निम्नलिखित उदाहरण से समझ सकते हैं : सगे भाई और बहन अति निकट संबंधी हैं क्योंकि उनसे पहली पीढ़ी में उनके पूर्वज समान थे अर्थात उनके माता पिता एक ही थे । लड़की के चचेरे भाई - बहन भी उससे संबंधित हैं , परन्तु उनके अपने भाई से कम । इसका मुख्य कारण यह है कि उनके समान पूर्वज कई पीढ़ी पहले के हैं , न कि एक पीढ़ी पहले के । इस प्रकार स्पीशीज या जीवों का वर्गीकरण उनके विकास के संबंधों का प्रतिविंब होता है ।
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 2 : क्या एक तितली और चमगादड़ के पंखों को समजात अंग कहा जा सकता हैं ? क्यों अथवा क्यों नहीं ?
उत्तर 2 : 
नहीं , तितली और चमगादड़ के पंखों को समजात अंग नहीं कहा जा सकता है , क्योंकि चमगादड़ के पंख मुख्यतः उसकी दिर्घित अंगली के मध्य भाग की त्वचा के फैलने से बने हैं लेकिन तितली के पंख उसकी पूरी ग्रबाह की त्वचा के फैलाव का नतीजा है , जो परों से ढकी रहती है । इसप्रकार दोनों के पंखों की संरचना एवम् संघटकों में बहुत अंतर है । वे एक जैसे दिखाई देते हैं क्योंकि वे एक जैसे ही काम ( उडान ले लिए ) हेतु प्रयोग होते हैं परन्तु उनकी उत्पत्ति पूरी तरह से समान नहीं है । इसलिए यह उन्हें समरूप अभिलक्षण बनाता है न कि समजात अभिलक्षण । 
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 3 : जीवाश्म क्या है ? वे जैव विकास प्रक्रम के विषय में क्या दर्शाते हैं ? 
उत्तर 3 : 
सामान्यतः जीवों की मृत्यु के बाद उनके शारीर का ( शूक्ष्म जीवों द्वारा ) अपघटन हो जाता है । परन्तु कभी कभी जीव अथवा उसके कुछ भाग ऐसे वातावरण में चले जाते हैं जिसके कारण इनका अपघटन पूरी तरह से नहीं हो पाता है । जीवों के इसप्रकार के परिरक्षित अवशेष जीवाश्म कहलाते हैं । उदाहरण के लिए , यदि कोई मृत कीट गर्म मिटटी में सूख कर कठोर हो जाए तथा उसमे कीट के शरीर की छाप सुरक्षित रह जाए । 
  • यदि किसी स्थान की खुदाई की जाए तो एक विशेष गहराई के बाद जीवाश्म मिलने लगते हैं । पृथ्वी की सतह के निकट वाले जीवाश्म गहरे स्तर पर पाए गए जीवाश्म की अपेक्षा अधिक नए होते हैं । 
  • जैव विकास को जानने की दोसरी विधि है कार्बन डेटिंग ' . जिसमें जीवाश्म में पाए जाने वाले तत्वों के विभिन्न समस्थानिकों के अनुपात के आधार पर जीवाश्म के समय निर्धारण किया जाता है ।
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

(अध्याय- 9)(आनुवांशिकता एवं जैव विकास)
पेज 173

प्रश्न 1 : क्या कारण है कि आकृति , आकर , रंग - रूप में इतने भिन्न दिखाई पड़ने वाले मानव एक ही स्पीशीज के सदस्य हैं ? 
उत्तर 1 : 
हाँ , आकृति , आकार , रंग - रूप में भिन्न दिखाई देने वाले मानव एक ही स्पीशीज के हैं क्योंकि सभी मानवों में इन सब विभिन्ताओं के बावजूद शारीरिक संरचना , संगठन , क्रियाविधि आदि से संबंधित बहुत सी समानताएँ होती हैं । इसके अतिरिक्त इनमे पाए जाने वाले गुणसूत्रों की संख्या तथा उनकी संरचना भी समान होती है । इन प्रकार यह स्पष्ट है कि सभी मनुष्य एक ही स्पीशीज के हैं । इनमें ये भिन्नताएँ केवल अनुवांशिक विचलन , भौगोलिक परिस्थितियों में परिवर्तन का परिणाम है । 
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 2 : विकास के आधार पर क्या आप बता सकते हैं कि जीवाणु , मकड़ी , मछली तथा चिम्पैंगी में किसका शारीरिक अभिकल्प उत्तम है ? अपने उत्तर कि व्याख्या कीजिए । 
उत्तर 2 :
विकास के आधार पर जीवाणु मकड़ी , मछली तथा चिम्पैंजी में से चिम्पैंजी में शारीरिक अभिकल्प उत्तम है , क्योंकि चिम्पैंजी की शारीरिक संरचना इन सबसे जटिल है । हम जानते हैं कि विकास में प्रगति की स्पष्ट प्रवृति है - समय के साथ - साथ शारीरिक अभिकल्प की जटिलता में वृद्धि होती है । अत्यंत प्राचीन एवम् सरल अभिकल्प जो आज भी अस्तित्व में है , वह जीवाणु है । इसके बाद मकड़ी , मछली तथा चिम्पैंजी में शारीरिक जटिलता में वृद्धि के साथ विकास हुआ है ।
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 
               www.youtube.com/c/kenstudy
(अध्याय- 9)(आनुवांशिकता एवं जैव विकास)
अभ्यास के प्रश्न उत्तर

प्रश्न 1 : मेंडल के एक प्रयोग में लंबे मटर के पौधे जिनके बैंगनी पुष्प थे , का संकरण बौने पौधों जिनके सफ़ेद पुष्प थे , से कराया गया । इनकी संतति के सभी पौधों में पुष्प बैंगनी रंग के थे । परंतु उनमें से लगभग आधे बौने थे । इससे कहा जा सकता है कि लंबे जनक पौधों कि अनुवांशिक रचना निम्न थी 
( a ) TTWW                                                
( b ) TTww 
( c ) TtWW                                                
( d ) TtWw
उत्तर 1 : ( c ) TtWW
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 2 : समजात अंगों का उदाहरण है – 
( a ) हमारा हाथ तथा कुत्ते के अग्रपाद              
( b ) हमारे दाँत तथा हाथी के दाँत 
( c ) आलू एवम् घास के उपरिभूस्तारी              
( d ) उपरोक्त सभी 
उत्तर 2 : ( d ) उपरोक्त सभी 
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 3 : विकासीय दृष्टिकोण से हमारी किस से अधिक समानता है – 
( a ) चीन के विद्यार्थी                                   
( b ) चिम्पैंजी 
( c ) मकड़ी                                               
( d ) जीवाणु 
उत्तर 3 : ( a ) चीन के विद्यार्थी 
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 4 : एक अध्ययन से पता चला कि हल्के रंग की आँखों वाले बच्चों के जनक ( माता - पिता ) की आँखें भी हलके रंग की होती हैं । इसके आधार पर क्या हम कह सकते हैं कि आँखों के हल्के रंग का लक्षण प्रभावी अथवा अप्रभावी ? अपने उत्तर कि व्याख्या कीजिए । 
उत्तर 4 : 
माना, हल्के रंग की आँखों वाले बच्चे के लक्षण AA , aa या Aa हैं । 
यदि बच्चे के लक्षण AA हैं तो उसके जनक ( माता - पिता ) के लक्षण भी AA हो सकते हैं । 
यदि बच्चे के लक्षण aa हैं तो उसके जनक ( माता - पिता ) के लक्षण भी aa हो सकते हैं । 
aa × aa
अतः , हम यह स्पष्ट रूप से नहीं कह सकते हैं कि आँखों के हल्के रंग का लक्षण प्रभावी अथवा अप्रभावी ।
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 5 : जैव - विकास तथा वर्गीकरण का अध्ययन क्षेत्र किस प्रकार संबंधित है । 
उत्तर 5 : 
विभिन्न जीवों के मध्य समानताएँ हमें उन जीवों को एक समूह में रखने और फिर उनके अध्ययन का अवसर प्रदान करती हैं । क्योंकि दो स्पीशीजों के मध्य जितने अधिक अभिलक्षण समान होंगे उनका संबंध उतना ही निकट का होगा । उनका उद्भव भी निकट अतीत में समान पूर्वजों से हुआ होगा । कुछ अभिलक्षण जीवों के मध्य आधारभूत विभिन्नताओं का निर्णय करते हैं । जैसे - बाह्य आकृति तथा व्यवहार का विवरण अर्थात विशेष स्वरूप अथवा विशेष प्रकार्य । इस प्रकार स्पीशीज जीवों का वर्गीकरण उनके , विकास के श्रृंखलाबद्ध परिवर्तनों के संबंधों का प्रतिबिंब है । 
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 6 : समजात तथा समरूप अंगों को उदाहरण देकर समझाइए । 
उत्तर 6 : 
समजात अंग : जीव - जंतुओं के वे अंग , जिनकी उत्पत्ति और मूल संरचना में समानता होती है परन्तु उनके कार्यों में विभिन्नता होती है , उन्हें समजात अंग कहते हैं । जैसे : पक्षी के पंख , मेढ़क की टांगे , मनुष्य के हाथ आदि में उत्पत्ति और आंतरिक संरचना समान हैं जबकि उनके कार्यों में अंतर है । समरूप अंग : जीव - जंतुओं के वे अंग , जिनकी उत्पत्ति और मूल संरचना में समानता न होते हए भी उनके कार्यों में समानता होती है , उन्हें समरूप अंग कहते हैं । जैसे : पक्षी और चमगादड़ दोनों ही पंखों का प्रयोग उड़ने के लिए करते हैं , परन्तु उनकी उत्पत्ति अलग - अलग ढंग से हुई है । 
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 7 : कुत्ते की खाल का प्रभावी रंग ज्ञात करने के उद्देश्य से एक प्रोजेक्ट बनाइए । 
उत्तर 7 : 

 यहाँ , F1 पीढ़ी में सभी काले रंग के पिल्ले हैं । अतः , हम कह सकते हैं कि काला W रंग प्रभावी है तथा सफ़ेद रंग w अप्रभावी । 
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 
प्रश्न 8 : विकासीय संबंध स्थापित करने में जीवाश्म का क्या महत्त्व है ? 
उत्तर 8 : 
जीवाश्म द्वारा हम जान पाते हैं कि अंगों की रचना केवल वर्तमान स्पीशीज पर ही आधारित नहीं है बल्कि उन स्पीशीज पर भी आधारित है जो अब जीवित नहीं हैं परन्तु कभी अस्तित्व में थे । खुदाई में मिले जीवाश्म की गहराई तथा फॉसिल डेटिंग के आधार पर हम यह भी जान सकते हैं कि इन जीवों का अस्तित्व कब था । इस प्रकार पुरातन जीवों के समय - निर्धारण तथा अंगों की संरचना के आधार पर आज के जीवों के विकास क्रम को समझा जा सकता है ।
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 9 : किन प्रमाणों के आधार पर हम कह सकते हैं कि जीवन की उत्पत्ति अजैविक पदार्थों से हुई है ? 
उत्तर 9 : 
मिलर तथा हेराल्ड सी . उरे द्वारा 1953 में किए गए प्रयोगों के आधार पर हम कह सकते हैं कि जीव रासायनिक संश्लेषण द्वारा उत्पन्न हए होंगे । उन्होंने कृत्रिम रूप से ऐसे वातावरण का निर्माण किया जो संभवतः प्राचीन वातावरण के समान था ( इसमें अमोनिया , मीथेन तथा हाइड्रोजन सल्फाइड के अणु थे परन्तु ऑक्सीजन के नहीं , जिसमें जल भी था । इसे 100° सेल्सियस से कुछ कम ताप पर रखा गया । आकाश में उत्पन्न होने वाली बिजली कि भांति , गैसों के मिश्रण में चिंगारियां उत्पन्न की गई । एक सप्ताह बाद , 15 प्रतिशत कार्बन ( मीथेन से ) सरल कार्बनिक यौगिकों में परिवर्तित हो गए । इनमें एमिनो अम्ल भी संश्लेषित हुए जो प्रोटीन के अणुओं का निर्माण करते हैं । उपरोक्त प्रमाणों के आधार पर हम कह सकते हैं कि जीवन की उत्पत्ति अजैविक पदार्थों से हुई है । 
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 10 : अलैंगिक जनन की अपेक्षा लैंगिक जनन द्वारा उत्पन्न विभिन्नताएँ अधिक स्थायी होती हैं , व्याख्या कीजिए । यह लैंगिक प्रजनन करने वाले जीवों के विकास को किस प्रकार प्रभावित करता है ? 
उत्तर 10 : 
अलैंगिक जनन में , एकल जीव जनन करता है तथा इससे उत्पन्न जीवों में बहुत अधिक समानताएँ होती हैं । जबकि लैंगिक जनन में दो जीवों ( नर और मादा ) का योगदान होता है जिससे अधिक विभिन्नताएँ अधिक होती हैं । ये विविधताएँ पीढ़ी दर पीढ़ी बढती जाती हैं और इनमें से कुछ परिवर्तन स्थाई ( वातावरण के अनुसार ) होते रहते हैं और जीवों को विषम परिस्थितियों में भी जीवित रहने में सहायता करते हैं । इस प्रकार , लैंगिक जनन करने वाले जीवों में विविधता , उन्हें भिन्न – भिन्न परिस्थितियों में रहने के अनुकूल बनती है जिससे इन जीवों में विकास क्रम , अलैंगिक जीवों की अपेक्षा , बेहतर होता है । 
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 

प्रश्न 11 : संतति में नर एवम् मादा जनकों द्वारा अनुवांशिक योगदान में बराबरी की भागीदारी किस प्रकार सुनिश्चित की जाती है । 
उत्तर 11 : 
दोनों जनक ( नर और मादा ) DNA की समान मात्रा लैंगिक प्रजनन के दौरान संतति को प्रेषित करते हैं । संतति में एक जीन सैट केवल एक DNA श्रृंखला के रूप में न होकर , DNA के अलग - अलग स्वतंत्र अणु के रूप में होता है , प्रत्येक अणु एक गुणसूत्र का निर्माण करता है । प्रत्येक कोशिका में , प्रत्येक गुणसूत्र की दो प्रतिकृति होती हैं जिनमें से एक उन्हें नर जनक से तथा दूसरी मादा जनक से प्राप्त होती हैं । प्रत्येक जनन कोशिका से गुणसूत्र के प्रत्येक जोड़े का केवल एक गुणसूत्र ही एक जनन कोशिका ( युग्मक ) में जाता है । जब दो युग्मकों का संलयन होता है , तो बने युग्मनज में गुणसूत्रों कि संख्या पुनः सामान्य हो जाती है तथा संतति में गुणसूत्रों की संख्या निश्चित बनी रहती है जो कि स्पीशीज के DNA के स्थायित्व को सुनिश्चित करती 
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 
प्रश्न 12 : केवल वे विभिन्नताएँ जो किसी एकल जीव ( व्यष्टि ) के लिए उपयोगी होती है , समष्टि में अपना अस्तित्व बनाए रखती हैं । क्या आप इस कथन से सहमत हैं ? क्यों एवम् क्यों नहीं ? 
उत्तर 12 : 
हाँ , क्योंकि जो विभिन्नताएँ जीव के लिए पर्यावरण में जीवित रहने के लिए उपयोगी होती हैं , उनकी वंशागति होती है । इन विभिन्नताओं से ही जीव वातावरण के अनुसार अपने आप को ढाल सकता है और न केवल अधिक समय तक जीवित रह सकता है बल्कि समष्टि में अपना अस्तित्व भी बनाए रखता है ।
Ncert Solutions for Class 10 Science Chapter 9 Heredity and Evolution -PDF 








Best of luck 👍



एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ